
लालकुआं। दीपावली से पहले नैनीताल दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लिमिटेड ने बिंदुखत्ता क्षेत्र की छह दुग्ध समितियों से जुड़े उत्पादकों को 32 लाख रुपये का बोनस वितरित कर त्योहार की सौगात दी। चार करोड़ रुपये के दूध की खरीद पर बोनस वितरण किए जाने से दुग्ध उत्पादकों के चेहरे खिल उठे। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में दुग्ध उत्पादकों, महिलाओं और क्षेत्र के गणमान्य लोगों ने प्रतिभाग किया।
दुग्ध संघ के अध्यक्ष मुकेश बोरा का कार्यक्रम में माल्यार्पण और पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया गया। इस दौरान उन्होंने कहा कि दुग्ध संघ उत्पादकों के हितों के प्रति सजग और प्रतिबद्ध है। उत्पादकों को उनकी मेहनत का उचित लाभ दिलाना, उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत करना और सहकारिता के माध्यम से दुग्ध व्यवसाय को बढ़ावा देना संघ की प्राथमिकता है।
मुकेश बोरा ने कहा कि दुग्ध उत्पादक ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं। दुग्ध उत्पादन के क्षेत्र में महिलाओं का योगदान भी बेहद महत्वपूर्ण है। उनके परिश्रम और समर्पण से ही दुग्ध व्यवसाय निरंतर आगे बढ़ रहा है। दीपावली से पहले बोनस वितरण का उद्देश्य उत्पादकों की मेहनत का सम्मान करने के साथ उनके परिवारों की खुशियों में सहभागी बनना है।
उन्होंने कहा कि दुग्ध संघ उत्पादकों की समस्याओं के समाधान, उनके हितों के संरक्षण और दुग्ध व्यवसाय को प्रोत्साहित करने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। उन्होंने उत्पादकों से सहकारी समितियों को मजबूत बनाने और दुग्ध व्यवसाय के विकास में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया।
बिंदुखत्ता क्षेत्र की शांतिनगर प्रथम, शांतिनगर द्वितीय, बोरिंगपट्टा, टूटी पुलिया, हनुमान नगर और नारायण नगर दुग्ध समितियों के उत्पादकों को बोनस वितरित किया गया। बोनस की राशि मिलने पर उत्पादकों ने खुशी जताते हुए दुग्ध संघ के प्रयासों की सराहना की।
कार्यक्रम का संचालन यातायात प्रभारी पूरन मिश्रा और मार्ग प्रभारी राजेंद्र प्रसाद ने किया। इस अवसर पर संचालक मंडल सदस्य गोविंद मेहता, प्रगतिशील दुग्ध उत्पादक उमेश भट्ट, निर्मला भट्ट, नवीन पपोला, ममता रावत, राम सिंह पपोला, गोपाल दत्त पाठक, जगदीश पंत, सोनू पांडे, पूरन बोरा, इंद्रा बम, नारायण शर्मा, मनीष बोरा, केदार दानू, मंजू बिष्ट, खष्टी बिष्ट, कमलेश पांडे, सुरेश जोशी, भुवन जोशी सहित दुग्ध संघ के पीएंडआई प्रभारी सुभाष बाबू, एफओ प्रभारी शांति कोरंगा और मोहन चंद्र जोशी समेत बड़ी संख्या में दुग्ध उत्पादक एवं क्षेत्र के गणमान्य लोग मौजूद रहे।



