ख़बर शेयर करें -

रुद्रपुर। ऊधमसिंहनगर के बाजपुर क्षेत्र में वर्ष 2011में प्रमिका की हत्या करने के आरोपी को न्यायालय द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश मीना देउपा ने दोषी करार दिया है। अदालत ने उसे आजीवन कारावास और 50 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।

सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अनिल सिंह ने बताया कि वर्ष 2011 में बाजपुर निवासी गुरमीत सिंह ने मुकदमा दर्ज कराया था कि धर्मजीत सिंह के गन्ने के खेत पर एक अज्ञात महिला का शव पड़ा था। इसकी दुपट्टे से गला घोटकर हत्या की गई थी। मामले में पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। वहीं मृतक की शिनाख्त पीलीभीत निवासी तस्लीमा उर्फ शिम्मी के रूप से हुई। पुलिस की जांच में सामने आया कि घटना के दिन शिम्मी का प्रेमी रामपुर दोराहा मजरा वरवाला थाना कठघर मुरादाबाद निवासी दिलशाद पुत्र पीरवक्श उसे बाइक पर बैठाकर केलाखेड़ा लेकर आया था और खेत में शिम्मी की गला घोटकर हत्या की थी। पुलिस ने 20 सितंबर 2011 को उसे गिरफ्तार किया।

इस मामले की सुनवाई न्यायालय द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत में हुई। इस दौरान सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अनिल ने अदालत के सामने 21 गवाह पेश किए। अदालत ने दिलशाद को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास और 50 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।

ADVERTISEMENTS Ad Ad

You cannot copy content of this page